छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में पुलिस विभाग की छवि को धूमिल करने वाला एक हाई-प्रोफाइल मामला सामने आया है। एक कारोबारी और उसकी पत्नी ने राज्य पुलिस की एक महिला डीएसपी (DSP) पर ब्लैकमेलिंग, धोखाधड़ी और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है।
इस मामले में पीड़ित पक्ष ने महिला अधिकारी के साथ उनके पति और भाई को भी सह-आरोपी बताया है। सोशल मीडिया पर दोनों के बीच हुई कथित बातचीत (WhatsApp Chats) के वायरल होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
मित्रता की आड़ में करोड़ों का लेन-देन
पीड़ित कारोबारी दीपक टंडन द्वारा खम्हारडीह थाने में दी गई शिकायत के अनुसार, उनकी मुलाकात महिला डीएसपी से वर्ष 2021 में हुई थी। धीरे-धीरे यह परिचय गहरी मित्रता में बदल गया और कारोबारी की जान-पहचान महिला अधिकारी के परिवार (पिता और भाई) से भी हो गई।
आरोप है कि इसी दौरान महिला डीएसपी के परिजनों ने ‘होटल एटमॉस्फेरिया’ (Hotel Atmospheria) खरीदा, जिसके लिए दीपक से 30 लाख रुपये का निवेश यह कहकर करवाया गया कि होटल के मुनाफे में उन्हें हिस्सा दिया जाएगा। दीपक ने बैंक ट्रांजेक्शन और नकद के माध्यम से यह राशि अदा की, लेकिन उन्हें कोई लाभ नहीं दिया गया।
कार हड़पने और चेक बाउंस का मामला
शिकायत में यह भी कहा गया है कि आरोपियों ने दीपक की टोयटा हाइराइडर (Toyota Hyryder) ऑटोमैटिक कार भी यह कहकर ले ली कि वे इसे कुछ दिनों में लौटा देंगे, लेकिन कार आज तक वापस नहीं की गई।
विवाद तब गहराया जब होटल बेचने की बात आई। सौदा रद्द होने के बाद, महिला डीएसपी के परिजनों ने कथित तौर पर दीपक के घर जाकर उनकी पत्नी के हस्ताक्षर वाले तीन ब्लैंक चेक ले लिए। बाद में, 20 नवंबर को आरोपियों ने दीपक की पत्नी के खिलाफ कोर्ट में चेक बाउंस का मामला दायर कर दिया।
वायरल चैट में जेवरात और अंतरंगता के सबूत
इस मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू वे वाट्सऐप चैट हैं जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इन चैट्स में कथित तौर पर महिला डीएसपी और कारोबारी के बीच अंतरंग बातचीत और लाखों रुपये के जेवर (हीरे की अंगूठी, सोने की चेन, टॉप्स आदि) के लेन-देन का जिक्र है।
पीड़ित कारोबारी का दावा है कि पिछले 5 वर्षों में वह महिला डीएसपी पर लगभग डेढ़ से 2 करोड़ रुपये खर्च कर चुका है।
पुलिस कार्रवाई पर सवाल
दीपक और उनके परिवार का आरोप है कि चेक बाउंस का केस दर्ज कराने के बाद से उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं, जिससे पूरा परिवार दहशत में है। पीड़ित पक्ष ने खम्हारडीह थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है, लेकिन उनका आरोप है कि पुलिस हाई-प्रोफाइल मामला होने के कारण अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रही है।












